समस्तीपुर:पर्यावरणविद वशिष्ठ द्वारा लिखित “पर्यावरण संरक्षण-पेड़ पौधों के संग” नामक पुस्तक का लोर्कापण एवं परिचर्चा का आयोजन”

0 36
Above Post 640X165 Desktop
Above Post 320X100 Mobile

कार्यक्रम स्थल से उदय कुमार की रिपोर्ट ✒
समस्तीपुर:पटोरी के एएनडी कॉलेज स्थित कर्पूरी स्मृति भवन मे पर्यावरण संरक्षण एक अभियान पटोरी के संयोजक, दर्जनों राष्ट्रीय तथा अन्तर्राष्ट्रीय सम्मानो से सम्मानित, बैंक ऑडिटर सह पर्यावरणविद बशिष्ठ राय बशिष्ठ द्वारा सम्पादित पुस्तक पर्यावरण संरक्षण पेड़ पौधों के संग का लोर्कापण किया गया । कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज के प्रधानाचार्य बिरेन्द्र चौधरी ने किया तथा मुख्य अतिथि के रूप मे पर्यावरणीय डॉ. धर्मेंद्र पटेल मौजूद थे । अपने सम्बोधन मे श्री बशिष्ठ ने बताया की इस पुस्तक को सम्पादित करने का मुख्य उद्देश्य वैश्विक स्तर पर पर्यावरण मे तेजी से फैलते प्रदूषण से प्रकृति को बचाना है ।

Middle Post 640X165 Desktop
Middle Post 320X100 Mobile

लोगो को अगाह करते हुए श्री बशिष्ठ ने बताया की जल जीवन और हरियाली का दर्शन अपनाकर ही हम अपने जीवन को बचाते हुए वन सम्पदा की रक्षा कर सकते है । पुस्तक समीक्षा करते हुए डॉ.व्रहमदेव प्रसाद कार्यी ने कहा कि पुस्तक मे वर्णित बातें समाज के लिए अमूल्य पर्यावरणी धरोहर है । कार्यक्रम का उद्घाटन मंचासीन अतिथियों ने पौधा मे जल अर्पित कर किया जो कि बशिष्ठ राय का पेड़ पौधों के प्रति अथाह प्रेम को दर्शाता है ।

अपने जीवन को पेड़ पौधौ के साथ सर्मपित करने वाले पर्यावरणविद् के पर्यावरण संरक्षण के प्रति लगाव की चर्चा र्सवत्र मुक्त कंठ से हो रहा है और लोग इन्हें पर्यावरणी रत्न के रूप मे देखते है । वही कार्यक्रम के द्वितीय सत्र मे पर्यावरणी काव्य गोष्ठी मे कवियों ने पर्यावरणी कविताओं के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया । उक्त सभी कार्यक्रम एक दिवसीय पर्यावरण संरक्षण परव के रूप मे मनाया गया ।

Below Post 640X165 Desktop
Below Post 300X250 Mobile

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Before Author Box 300X250 Mobile
Before Author Box 640X165 Desktop
After Related Post 640X165 Desktop
Before Author Box 320X250 Mobile
Comments
Loading...

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More