• छपरा जंक्शन के पुनर्विकास कार्यों की स्थिति पर लोकसभा में उठा मुद्दा
• अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत छपरा सहित बिहार के 98 स्टेशन
• छपरा, सोनपुर, दिघवारा, एकमा और मशरख स्टेशनों पर कार्य प्रगति पर
• यात्री सुविधाओं के विस्तार और आधुनिकीकरण पर विशेष जोर
• बिहार में रेलवे स्टेशनों के विकास के लिए वित्त वर्ष 2025-26 में ₹1,828 करोड़ का आवंटन
छपरा कार्यालय। सारण सांसद एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री श्री राजीव प्रताप रूडी द्वारा लोकसभा में पूछे गए तारांकित प्रश्न के उत्तर में केंद्रीय रेल मंत्री श्री अश्विनी वैष्णव ने बिहार के रेलवे स्टेशनों के पुनर्विकास की प्रगति पर विस्तृत जानकारी दी।
रेल मंत्री ने बताया कि वित्त वर्ष 2025-26 में बिहार के चार रेलवे जोनों के लिए ₹1,828 करोड़ का आवंटन किया गया है, जिसमें से दिसंबर 2025 तक ₹1,451 करोड़ व्यय हो चुके हैं। अमृत भारत स्टेशन योजना के अंतर्गत बिहार के 98 स्टेशन चयनित हैं, जिनमें सारण जिले के छपरा जंक्शन, सोनपुर, दिघवारा, एकमा और मशरख स्टेशन शामिल हैं।
मंत्री ने सदन को अवगत कराया कि छपरा जंक्शन पर प्रतीक्षालय, शौचालय, प्लेटफॉर्म शेल्टर, ऊपरी पैदल पुल, प्रकाश व्यवस्था, पार्किंग, इलेक्ट्रॉनिक सूचना बोर्ड, लिफ्ट, प्लेटफॉर्म विस्तार एवं सतह सुधार जैसे कई कार्य पूरे किए जा चुके हैं। साथ ही दूसरे प्रवेश द्वार के विकास, पार्सल कार्यालय व गोदाम उन्नयन तथा यंत्रीकृत लॉन्ड्री क्षमता विस्तार के कार्य प्रगति पर हैं।
सदन के बाहर मीडियाकर्मियों से बातचीत में सांसद श्री रूडी ने बताया कि छपरा रेल मंडल व्यावसायिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में मंडल की कुल आय ₹1,321.99 करोड़ रही, जिसमें लगभग 38 प्रतिशत (₹502.36 करोड़) माल यातायात से तथा 55 प्रतिशत (₹727.09 करोड़) यात्री यातायात से प्राप्त हुई। उन्होंने कहा कि स्टेशन पुनर्विकास से न केवल यात्री सुविधाओं का विस्तार होगा, बल्कि सारण जिले की आर्थिक गतिविधियों और रेलवे राजस्व में भी निरंतर वृद्धि होगी।
