छात्र-छात्राओं ने शहीद भगत सिंह के जीवन और विचारों से ली प्रेरणा
दीपक कुमार,
खगड़िया परबत्ता। खगड़िया जिले के परबत्ता प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय सौढ़ भरतखंड में रविवार को शहीद भगत सिंह की जयंती समारोहपूर्वक मनाई गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक संजय कुमार पासवान ने की, जबकि मंच संचालन शिक्षक सिद्धार्थ कुमार ने किया।प्रधानाध्यापक संजय कुमार पासवान ने कहा कि भगत सिंह अच्छे वक्ता, पाठक और लेखक भी थे।

उन्होंने ब्रिटिश हुकूमत का विरोध करते हुए देश की स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया।शिक्षक सिद्धार्थ कुमार ने भगत सिंह के जीवन और व्यक्तित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि भगत सिंह केवल स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं, बल्कि विचारक, लेखक, पत्रकार और चिंतक भी थे। उन्होंने बताया कि भगत सिंह का जन्म 28 सितंबर 1907 को तत्कालीन पंजाब के लायलपुर जिले के बंगा में हुआ था, जो वर्तमान में पाकिस्तान के फैसलाबाद क्षेत्र में है।

उन्होंने भगत सिंह के बाल्यकाल और स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ी घटनाओं का उल्लेख करते हुए बताया कि जलियांवाला बाग हत्याकांड का उनके जीवन पर गहरा प्रभाव पड़ा। वर्ष 1929 में केंद्रीय विधानसभा में बम फेंकने की घटना के बाद भगत सिंह और उनके साथियों ने ‘इंकलाब जिंदाबाद’ का नारा बुलंद किया।इस अवसर पर शिक्षकों ने विद्यार्थियों को भगत सिंह के विचारों, देशभक्ति और संघर्ष से प्रेरणा लेने के लिए प्रेरित किया। कार्यक्रम में शिक्षक रामलाल पंडित, रामविनोद साह, मीनाक्षी कुमारी, उत्कर्ष कुमार, सार्थक कुमार सहित विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाएं तथा सैकड़ों छात्र-छात्राएं मौजूद थे।

