(हरिप्रसाद शर्मा) अजमेर/ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रस्तावित अजमेर दौरे से पहले राजनीतिक माहौल गर्मा गया है। अजमेर युवा कांग्रेस की ओर से केंद्र सरकार की नीतियों के विरोध में प्रदर्शन किया गया। इस दौरान शहर के विभिन्न हिस्सों में ‘गो बैक मोदी’, ‘पीएम इस कॉम्प्रोमाइज्ड’ और ‘नरेंद्र मोदी सरेंडर’ जैसे नारों वाले पोस्टर लगाए गए, जिससे प्रशासन में हड़कंप मच गया।
कड़ी कर दी गई सुरक्षा व्यवस्था
युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना है कि वे एप्सटीन फाइल, महंगाई, बेरोजगारी और अन्य जनहित से जुड़े मुद्दों को लेकर विरोध दर्ज करा रहे हैं। उनका आरोप है कि केंद्र सरकार आम जनता की समस्याओं पर ध्यान नहीं दे रही है, इसलिए वे शांतिपूर्ण तरीके से विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। पोस्टर लगाए जाने की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन सक्रिय हो गया तथा शहर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।
युवा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष के घर के बाहर पुलिस तैनात
पुलिस ने एहतियातन अजमेर युवा कांग्रेस के जिला अध्यक्ष मोहित मल्होत्रा को नजरबंद कर दिया। उनके घर के बाहर पुलिस का पहरा लगा दिया गया और उन्हें घर से बाहर निकलने की अनुमति नहीं दी गई। इसके बाद कृष्णगंज थानाधिकारी अरविंद चारण उन्हें हिरासत में लेकर अन्य स्थान पर ले गए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी प्रकार की अव्यवस्था से बचने के लिए यह कदम उठाया गया है।
‘विरोध को दबाने की कोशिश कर रही सरकार’
मोहित मल्होत्रा ने नजरबंदी पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विरोध की आवाज को दबाने का प्रयास कर रही है। उनका कहना है कि युवा कांग्रेस का विरोध शांतिपूर्ण है और इसमें किसी भी प्रकार की हिंसा या अव्यवस्था की मंशा नहीं है।
सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट
वहीं दूसरी ओर प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर पहले से ही सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं। किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि कानून-व्यवस्था भंग करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी
