मृगांक शेखर सिंह/ जमुई:स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया उद्घाटन।जमुई : बिहार के स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडे द्वारा पटना स्थित ऊर्जा ऑडिटोरियम से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्यव्यापी ‘FCM (Ferric Carboxy Maltose) थेरेपी’ कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया गया। इसी कड़ी में जमुई जिले के सदर अस्पताल में भी इस जीवन रक्षक कार्यक्रम की सफलतापूर्वक शुरुआत की गई।
FCM थेरेपी आधुनिक चिकित्सा जगत में गंभीर एनीमिया (रक्त अल्पता) से जूझ रही गर्भवती महिलाओं के लिए एक वरदान की तरह है। इस थेरेपी की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि फेरिक कार्बोक्सी माल्टोज़ (FCM) के मात्र एक इंजेक्शन के माध्यम से ही महिलाओं के शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी को तेजी से दूर किया जा सकता है। यह इंजेक्शन न केवल सुरक्षित है, बल्कि गर्भावस्था के दौरान होने वाले कई प्रकार के जटिल जोखिमों को कम करने में भी सहायक सिद्ध होता है।
राज्य सरकार की इस पहल के तहत यह कीमती इंजेक्शन सदर अस्पताल में पूरी तरह निशुल्क उपलब्ध कराया जा रहा है।जमुई सदर अस्पताल में इस कार्यक्रम की शुरुआत ऐतिहासिक रही, जहाँ श्रीमती मधुकुमारी को जिले की सर्वप्रथम लाभार्थी के रूप में यह इंजेक्शन दिया गया।
इस अभियान को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने के लिए जिले के सभी प्रखंडों में आशा कार्यकर्ताओं ने सक्रिय भूमिका निभाई। आशा कार्यकर्ताओं द्वारा अपने-अपने क्षेत्रों से गंभीर एनीमिया से पीड़ित 4-5 गर्भवती महिलाओं को चिह्नित किया गया, जिन्हें एम्बुलेंस के माध्यम से सुरक्षित रूप से सदर अस्पताल लाया गया ताकि उन्हें इस विशेष थेरेपी का लाभ मिल सके।सिविल सर्जन ने इस अवसर पर कहा कि इस थेरेपी के आने से अब जिले में मातृ मृत्यु दर को कम करने और सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित करने में बड़ी मदद मिलेगी। उन्होंने अपील की कि अधिक से अधिक जरूरतमंद महिलाएं सदर अस्पताल आकर इस निशुल्क सरकारी सुविधा का लाभ उठाएं।
